UP Circle Rate Guidelines 2025: प्रॉपर्टी मूल्यांकन की नई व्यवस्था और लेटेस्ट अपडेट

Hemraj Maurya

उत्तर प्रदेश में संपत्ति की खरीद और बिक्री करते समय, सर्किल रेट (Circle Rate) की जानकारी रखना अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह वह न्यूनतम दर है जिस पर किसी संपत्ति का पंजीकरण (Registration) किया जा सकता है। राज्य सरकार ने हाल ही में संपत्ति मूल्यांकन में पारदर्शिता और एकरूपता लाने के लिए UP Circle Rate Guidelines में महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं।

उत्तर प्रदेश सरकार के स्टाम्प एवं रजिस्ट्रेशन विभाग ने एक एकीकृत सर्किल रेट प्रणाली (Unified Circle Rate System) लागू की है, जिसका उद्देश्य संपत्ति का मूल्यांकन और स्टाम्प ड्यूटी (Stamp Duty) की गणना को आसान बनाना है।

UP Circle Rate Guidelines में आया नवीनतम बदलाव

उत्तर प्रदेश सरकार ने पूरे राज्य के लिए एक समान और मानकीकृत (Standardised) सर्किल रेट फॉर्मेट पेश किया है। इस नए सिस्टम ने पहले से चले आ रहे जिले-वार जटिल फॉर्मेट को बदल दिया है।

Also read.. संपत्ति खरीदना हुआ कठिन।भूमि रजिस्ट्रेशन में Blockchain land registration तकनीक होगी लागू

इस नई प्रणाली के तहत, संपत्ति के वर्गीकरण को सरल बनाया गया है, जिससे आम नागरिक भी बिना किसी तकनीकी सहायता के अपनी संपत्ति का मूल्य और लागू स्टाम्प ड्यूटी की गणना स्वयं कर सकते हैं।

Circle Rate Calculation की मुख्य श्रेणियाँ: संपत्ति का नया वर्गीकरण

नई UP Circle Rate Guidelines के तहत, क्षेत्रों को अब मुख्य रूप से तीन व्यापक श्रेणियों में विभाजित किया गया है, जिनके भीतर 15 उप-श्रेणियां बनाई गयी हैं:

नगरीय (Urban): शहरी क्षेत्र।

अर्द्ध-नगरीय (Semi-Urban): अर्ध-शहरी/विकासशील क्षेत्र।

ग्रामीण (Rural): ग्रामीण क्षेत्र।

इसके अलावा, संपत्तियों को उनके उपयोग के आधार पर कृषि (Agricultural), गैर-कृषि (Non-agricultural), और व्यावसायिक (Commercial) भूखंडों में अलग से वर्गीकृत किया गया है।

सर्किल रेट मूल्यांकन की 15 उप-श्रेणियाँ

उत्तर प्रदेश सरकार ने सर्किल रेट के निर्धारण में सरलता और एकरूपता लाने के लिए, संपत्ति को पहले तीन व्यापक श्रेणियों (नगरीय, अर्द्ध-नगरीय, और ग्रामीण) में विभाजित किया है, जिसके भीतर भूमि/संपत्ति की प्रकृति के अनुसार निम्नलिखित 15 उप-श्रेणियाँ बनाई गई हैं:

Also read …Sale of minor property: बालिग होने पर बेटा दोबारा property बेच सकता है या नहीं।जानें सुप्रीम कोर्ट का फैसला।
क्र.सं.हिंदी नामEnglish Nameविवरण (Description)
1कृषि भूमिAgricultural Landवह भूमि जिस पर केवल खेती होती है।
2विकसित कृषि भूमिDeveloped Agricultural Landवह कृषि भूमि जो नगरीय/विकसित क्षेत्र के करीब है।
3आबादी की भूमिAbadi Landवह भूमि जो ग्राम सभा द्वारा रिहायश के लिए आरक्षित है (ग्रामीण क्षेत्रों में)।
4गैर-कृषि/विकसित भूमिNon-Agricultural/Developed Landवह भूमि जिसे कृषि उपयोग से हटाकर अन्य उपयोग के लिए विकसित किया गया है।
5औद्योगिक भूमि (छोटे उद्योग)Industrial Land (Small Scale)छोटे औद्योगिक इकाइयों के लिए आरक्षित भूमि।
6औद्योगिक भूमि (बड़े उद्योग)Industrial Land (Large Scale)बड़े कारखानों और उद्योगों के लिए आरक्षित भूमि।
7आवासीय भूखंड (कॉलोनियाँ)Residential Plot (Colonies)रिहायशी कॉलोनियों के भीतर के प्लॉट।
8आवासीय फ्लैट/अपार्टमेंटResidential Flats/Apartmentsबहुमंजिला इमारतों में बने फ्लैट/अपार्टमेंट।
9ग्रुप हाउसिंग/टाउनशिप भूमिGroup Housing/Township Landबड़े ग्रुप हाउसिंग प्रोजेक्ट्स के लिए आवंटित भूमि।
10वाणिज्यिक भूखंड (बाजार)Commercial Plot (Market)बाजारों, दुकानों या व्यवसायिक उपयोग के लिए आरक्षित प्लॉट।
11वाणिज्यिक भवन (शॉपिंग कॉम्प्लेक्स)Commercial Building (Complex)मॉल, शॉपिंग कॉम्प्लेक्स आदि जैसे व्यवसायिक ढांचे।
12संस्थागत भूमि (शिक्षा/स्वास्थ्य)Institutional Land (Education/Health)स्कूल, कॉलेज, अस्पताल आदि के लिए आरक्षित भूमि।
13पार्क/ग्रीन बेल्ट के पास की भूमिLand Adjacent to Park/Green Beltवह भूमि जो पार्कों या हरित पट्टियों से सटी हुई है।
14एक्सप्रेस-वे/मुख्य सड़क के समीप की भूमिLand Near Expressway/Main Roadप्रमुख एक्सप्रेस-वे या राष्ट्रीय/राज्य राजमार्गों से सटी हुई भूमि।
15विशिष्ट क्षेत्र (प्रीमियम लोकेशन)Special Area (Premium Location)ऐतिहासिक, पर्यटन या उच्च-मूल्य (पॉश) वाले विशेष क्षेत्र।
Also read …जमीन उपयोग के आधार पर निर्धारित होगा development fee and charges

वर्गीकरण का उद्देश्य

यह विस्तृत वर्गीकरण यह सुनिश्चित करता है कि सर्किल रेट:

  • निष्पक्ष हो, क्योंकि यह संपत्ति के वास्तविक उपयोग और बाजार मूल्य को दर्शाता है।
  • सटीक हो, ताकि किसी भी विशेष संपत्ति (जैसे एक फ्लैट, एक औद्योगिक भूखंड, या कृषि भूमि) के लिए स्टाम्प ड्यूटी की गणना सही ढंग से हो सके।
  • पारदर्शी हो, जिससे नागरिकों को पता हो कि उनकी संपत्ति का मूल्यांकन किस आधार पर किया जा रहा है।

सर्किल रेट कैसे निर्धारित किया जायेगा?

UP Circle Rate Guidelines के अनुसार, किसी संपत्ति का सर्किल रेट निम्नलिखित कारकों पर निर्भर करता है:

लोकेशन आधारित मूल्यांकन: राहत और प्रीमियम शुल्क

  राहत: उन लोगों को सबसे बड़ी राहत मिली है जिनकी जमीन सड़क से दूर है। अब केवल सड़क से सटे प्लॉट पर ही सड़क की दर लागू होगी।

  प्रीमियम शुल्क: पार्क फेसिंग या कॉर्नर प्लॉट जैसी प्रीमियम लोकेशन के लिए खरीदारों को अधिक कीमत चुकानी पड़ेगी।

पुरानी इमारतों के लिए Circle Rate नियम

  भवन की उम्र के आधार पर अब कंस्ट्रक्शन कॉस्ट पर 20% से 50% तक की सीधी कटौती (मूल्य ह्रास) का लाभ मिलेगा, जिससे प्रक्रिया सरल हो गई है।

व्यावसायिक संपत्तियों के लिए विशेष Circle Rate

  होटल, अस्पताल, स्कूल और पेट्रोल पंप जैसी संस्थागत संपत्तियों के लिए सामान्य दुकानों के मुकाबले कम दरें निर्धारित की गई हैं, जो निवेश को प्रोत्साहित करेगा।

  मल्टी स्टोरी बिल्डिंग में अब फ्लोर के हिसाब से स्टाम्प शुल्क में छूट मिलेगी।

इन अपडेट्स को शामिल करने से आपका आर्टिकल पूरी तरह से अपडेटेड (Fully Updated) और अत्यधिक भरोसेमंद (Authoritative) बन जाएगा।

सर्किल रेट से स्टाम्प ड्यूटी की गणना (Calculating Stamp Duty from Circle Rate)

सर्किल रेट का मुख्य उद्देश्य स्टाम्प ड्यूटी और पंजीकरण शुल्क (Registration Fee) का निर्धारण करना है। स्टाम्प ड्यूटी हमेशा सर्किल रेट या संपत्ति के बाजार मूल्य (Market Value) – इनमें से जो भी अधिक हो – पर गणना की जाती है।

Stamp Duty Calculation in Up

स्टाम्प ड्यूटी की लगत सर्किल रेट/बाजार मूल्य का 7% ।

 पंजीकरण शुल्क , सर्किल रेट/बाजार मूल्य का 1% ।

 उदाहरण: यदि आपकी संपत्ति का सर्किल रेट ₹50 लाख है, तो आपको लगभग ₹3.5 लाख (7% स्टाम्प ड्यूटी) देना होगा। इसके बाद 1% पंजीकरण शुल्क के हिसाब से ₹50 हज़ार रजिस्ट्रेशन शुल्क देना होगा। कुल मिलाकर ₹4 लाख स्टाम्प ड्यूटी और पंजीकरण शुल्क के रूप में देना होगा।

स्टाम्प ड्यूटी में महिलाओं के लिए विशेष छूट

उत्तर प्रदेश सरकार महिलाओं को प्रोत्साहित करने के लिए 1% स्टाम्प ड्यूटी में छूट देती है। ₹1 करोड़ तक की संपत्ति महिलाओं के नाम पर पंजीकृत कराने पर स्टाम्प ड्यूटी में 1% की छूट मिलती है यानी 6% स्टाम्प ड्यूटी देनी होगी ।

UP Circle Rate Guidelines को ऑनलाइन कैसे देखें?

आप उत्तर प्रदेश स्टाम्प एवं रजिस्ट्रेशन विभाग (IGRSUP) की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर नवीनतम UP Circle Rate Guidelines और अपनी संपत्ति का सर्किल रेट देख सकते हैं:

  • IGRSUP की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
  • “मूल्यांकन सूची” (Valuation List) या “सम्पत्ति विवरण” (Property Details) विकल्प खोजें।
  • अपना जनपद (District) और उप निबंधक कार्यालय (Sub Registrar Office) चुनें।
  • लागू कैप्चा कोड भरें और सबमिट करें।
  • इसके बाद आपको उस क्षेत्र के लिए लागू सर्किल रेट की सूची मिल जाएगी।

नई गाइडलाइंस के लाभ

यह एकीकृत प्रणाली संपत्ति के लेनदेन में निम्नलिखित लाभ सुनिश्चित करेगी:

पारदर्शिता बढ़ेगी, मूल्यांकन में विसंगतियों और विवादों (Disputes) में कमी आएगी।

नागरिकों के लिए अपनी संपत्ति का मूल्यांकन स्वयं करना आसान होगा।

पूरे प्रदेश में एक समान मानक होने से UP Circle Rate Guidelines का पालन आसान होगा।

निष्कर्ष

उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा लाई गई एकीकृत UP Circle Rate Guidelines 2025 संपत्ति मूल्यांकन और पंजीकरण प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और नागरिक-अनुकूल बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। संपत्ति खरीदने या बेचने से पहले, स्टाम्प संबंधी समस्याओं से बचने के लिए हमेशा नवीनतम सर्किल रेट की जांच करना सुनिश्चित करें।

Hemraj sharing his writing experience Blogging ,blog SEO, Youtube SEO, Insurance sector and more. He focused to share true and informative articles for every one.